Monday, February 15, 2010

हर शिकायत पर दर्ज करनी होगी एफआईआर!

पुलिस अब प्राथमिकी (एफआईआर) दर्ज करने को लेकर आनाकानी नहीं कर सकेगी। इस संबंध में लोगों से मिल रही शिकायतों को देखते हुए गृह मंत्रालय अब इस पर विचार कर रहा है कि पुलिस में की गई हर शिकायत पर प्राथमिकी दर्ज करनी होगी। एक आधिकारिक सूत्र ने कहा कि रुचिका गिरहोत्रा मामले के बाद इस पर विचार किया जा रहा है। रुचिका मामले में पुलिस ने शिकायत मिलने के बाद भी हरियाणा के पूर्व पुलिस महानिदेशक एस.पी.एस. राठौड़ के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने में आनाकानी की थी। रुचिका के परिवार के मुताबिक 1990 में जब वे राठौड़ के खिलाफ मामला दर्ज कराना चाहते थे तो पहले तो पुलिस ने मामला दर्ज करने से इंकार कर दिया। बाद में जब उसके भाई पर चोरी का झूठा इलजाम लगाया गया तो परिवार मामला दर्ज कराना चाहता था लेकिन पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज करने से इंकार कर दिया। बताया जाता है कि दंड प्रक्रिया संहिता में प्रस्तावित संशोधन में सरकार थाना प्रभारी के लिए यह अनिवार्य करना चाहती है कि अगर वह कोई मामला दर्ज नहीं करता है तो इसका वह वाजिब कारण दें।

No comments: